बहुत से लोग अकसर EPF और PPF को एक ही मान बैठते हैं लेकिन दोनों अलग-अलग हैं आइये जानते हैं दोनों में क्या अंतर हैं ?

EPF (Employee Provident Fund) और PPF (Public Provident Fund) दोनों दो प्रकार के retirement saving schemes हैं

EPF (कर्मचारी भविष्य निधि) EPF Organization के द्वारा जारी किया जाता हैं जबकि PPF बैंक और पोस्ट ऑफिस द्वारा पेश किया जाता है 

EPF के अंतर्गत नौकरी करने वाले सभी व्यक्तियों के वेतन का कुछ भाग काट कर जमा कर लिया जाता है 

एक नियम के मुताबिक कोई भी कंपनी जिसके यहाँ 20 से अधिक कर्मचारी काम करते हैं उन्हें अपने कर्मचारी का EPF काटना होता है 

PPF में देश का कोई भी नागरिक चाहे वह वेतनभोगी हो या self employed निवेश शुरू कर सकता है 

PPF के साथ एक शर्त है कि इसे एक अविभाजित (Undivided) हिन्दू परिवार के द्वारा नहीं खोला जा सकता

EPF के अंतर्गत वेतन पाने वाले व्यक्ति की बेसिक सैलरी पर 12% की रकम हर महीने काट कर EPF Organisation में जमा करा दिया जाता है जिसका फायदा उन्हें retirement के बाद मिलता है 

PPF में देश का कोई भी नागरिक कम से कम 500 रूपये और ज्यादा से ज्यादा 1.50 लाख रूपये तक निवेश कर सकता है 

PPF पर जमा की गई राशि पर आयकर विभाग के सेक्शन 80C के तहत टैक्स में छुट का भी प्रावधान है  

PPF के maturity की बात करने तो इसकी अवधि 15 साल की है लेकिन आप चाहे तो इसे आवेदन कर 5 सालों के लिए बढवा भी सकते हैं

EPF पर आपको 8.5% का ब्याज मिलता है जबकि PPF पर आपको 7.1% का, ppf पर मिलने वाली ब्याज दरें हर तीन महीने पर सरकार द्वारा revive होती हैं